भोपाल [महा मीडिया] आईसीएल समूह ने महाराष्ट्र में उर्वरक निर्माण संयंत्र की शुरुआत की घोषणा की है। यह कदम वैश्विक आपूर्ति शृंखला में आ रही बाधाओं के बीच भारत में स्थानीय उत्पादन को मजबूत करने की रणनीति का हिस्सा है। यह संयंत्र मेक इन इंडिया पहल के अनुरूप है जिसका उद्देश्य देश में विनिर्माण को बढ़ावा देना है। भारत में जल में पूर्णतः घुलनशील उर्वरकों का स्थानीय स्तर पर उत्पादन कर आईसीएल समूह आयात पर निर्भरता कम करने, आपूर्ति स्रोतों में विविधता लाने और किसानों के लिए उर्वरकों की उपलब्धता को अधिक विश्वसनीय बनाने का लक्ष्य रखता है। लगभग सात एकड़ में फैला यह संयंत्र इज़राइल में संचालित आईसीएल समूह के उत्पादन मॉडल पर आधारित है और समान गुणवत्ता के उत्पाद उपलब्ध कराने के लिए तैयार किया गया है। यह नई इकाई उत्पादन के भौगोलिक विस्तार को मजबूत करेगी और बाहरी चुनौतियों के बीच आपूर्ति को अधिक स्थिर बनाएगी।यह इकाई उन्नत जल में घुलनशील उर्वरकों का उत्पादन करेगी जो सटीक पोषक तत्व प्रबंधन और बेहतर कृषि दक्षता में सहायक हैं। उपलब्ध उद्योग आंकड़ों के अनुसार, भारत में इस श्रेणी के उर्वरकों का बाजार पिछले वर्षों में निरंतर बढ़ रहा है, जिसका प्रमुख कारण सूक्ष्म सिंचाई और संरक्षित खेती का बढ़ता उपयोग है।