बैंकिंग धोखाधड़ी के मामलों में गिरावट लेकिन राशि मे भारी वृद्धि
भोपाल [ महा मीडिया]
वर्ष 2026 के दौरान देश में बैंकों द्वारा रिपोर्ट किए गए धोखाधड़ी के मामलों में कमी आई है लेकिन कुल राशि 3 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है। मुख्य रूप से सरकारी बैंकों में ऋण और एडवांस में धोखाधड़ी के कारण धोखाधड़ी की राशि बढ़ी है। रिजर्व बैंक द्वारा जारी नवीनतम वार्षिक रिपोर्ट के आंकड़ों के अनुसार उद्योग ने वित्त वर्ष 2026 में 48,021 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की सूचना दी जो वित्त वर्ष 2025 के 32,803 करोड़ रुपये से 46.4 प्रतिशत अधिक है। वित्त वर्ष 2026 में धोखाधड़ी की यह राशि वित्त वर्ष 2024 में रिपोर्ट किए गए 11,013 करोड़ रुपये से 4 गुना से अधिक है। रिजर्व बैंक ने कहा कि 2025-26 से संबंधित डेटा में धोखाधड़ी से जुड़े 314 मामले हैं जिनसे 30,199 करोड़ रुपये की राशि जुड़ी है और यह पिछले वित्त वर्षों से संबंधित हैं। वित्त वर्ष 2026 में कुल 10,114 धोखाधड़ी के मामले सामने आए जो पिछले वर्ष के 23,722 मामलों की तुलना में 57.4 प्रतिशत कम हैं। धोखाधड़ी की संख्या वित्त वर्ष 2024 के 35,800 मामलों की तुलना में 71.7 प्रतिशत कम हुई है। इन आंकड़ों से पिछले 3 साल के दौरान एक बड़े अंतर का पता चलता है। वित्त वर्ष 2024 और वित्त वर्ष 2026 के बीच रिपोर्ट किए गए धोखाधड़ी की संख्या में दो-तिहाई से अधिक की गिरावट आई वहीं इसमें शामिल राशि में 336 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।