संविदा और अंशकालिक कर्मचारियों के हित मे म.प्र.हाईकोर्ट का बड़ा निर्णय
भोपाल [ महामीडिया] म.प्र. हाईकोर्ट ने प्रदेश के सरकारी विभागों में वर्षों से कार्यरत संविदा, आउटसोर्स और अंशकालिक कर्मचारियों को लेकर बड़ा निर्णय दिया है। कोर्ट ने कहा है कि 10 साल से अधिक समय से काम कर रहे कर्मचारियों को स्थाई श्रेणी में रखने के लाभ से वंचित करने का कोई ठोस आधार नहीं है। साथ ही इन्हें न्यूनतम वेतनमान देने के निर्देश भी दिए गए हैं। कोर्ट का कहना है कि ऐसे कर्मचारियों को वर्गीकरण और उससे जुड़े लाभ मिलना चाहिए उन्हें अन्य कर्मचारियों की तुलना में कम वेतन देना उचित नहीं है। हाईकोर्ट ने आदेश में कहा कि लंबे समय से काम कर रहे कर्मचारियों को आर्थिक न्याय और सम्मानजनक जीवन का अधिकार है। ऐसे में उन्हें नीति के तहत वर्गीकृत किया जाए और उनके पद के अनुरूप न्यूनतम वेतन दिया जाए।