शनि जयंती और ज्येष्ठ अमावस्या आज
भोपाल [ महामीडिया] आज शनि जयंती और ज्येष्ठ अमावस्या हैं। शनिदेव को तेल चढ़ाने से उनके कष्ट दूर होते हैं और वे प्रसन्न होकर भक्त को आशीर्वाद देते हैं। तेल विशेष रूप से सरसों का होता है, जिसे दान करना बहुत शुभ माना जाता है। इस परंपरा के संबंध में प्रचलित पौराणिक कथा के मुताबिक, एक बार रावण ने सभी ग्रहों को बंदी बना लिया था। उसने शनिदेव को भी बंदीगृह में उल्टा लटका दिया था। इस कारण शनिदेव को बहुत पीड़ा हो रही थी।