भोपाल [ महामीडिया] अधिक मास का विशेष महत्व होता है। अधिक मास में पड़ने वाली एकादशी को कमला एकादशी के नाम से जाना जाता है, जिसका विशेष महत्व होता है। दरअसल अधिकमास की एकादशी करीब तीन साल में एक बार आती है जिससे इस एकादशी का महत्व कई अधिक गुना बढ़ जाता है। अधिक मास की एकादशी को पुरुषोत्तम एकादशी के नाम से भी जाना जाता है।एकादशी तिथि दो दिन 26 और 27 मई दो दिन पड़ रही है। हिंदू पंचांग के अनुसार कमला एकादशी तिथि की शुरुआत 26 मई को सुबह शुरू होकर 27 मई की सुबह तक रहेगी। ऐसे में उदया तिथि के आधार पर एकादशी 27 मई को है और इसका पारण 28 मई को किया जाएगा। ऐसे में ज्यादातर लोग अधिकमास की कमला एकादशी 27 मई को रख रहे हैं।