अधिकमास का आज अंतिम दिन
भोपाल [ महामीडिया]
आज 15 जून ज्येष्ठ अधिकमास की अमावस्या है इस तिथि के साथ अधिकमास खत्म हो जाएगा और फिर ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष शुरू होगा। हिन्दी पंचांग चंद्रमा और सूर्य दोनों की गति पर आधारित है। चंद्र वर्ष और सौर वर्ष के बीच हर साल लगभग 11 दिनों का अंतर रहता है। इसी अंतर को संतुलित करने के लिए लगभग तीन साल में एक अतिरिक्त मास जोड़ा जाता है, जिसे अधिकमास कहा जाता है। शुरुआत में इस अतिरिक्त महीने को कोई विशेष महत्व नहीं था कोई भी देवता इस महीने का स्वामी बनने को तैयार नहीं था। तब इस मास ने भगवान विष्णु से प्रार्थना की। इसके बाद भगवान ने इसे अपना नाम देते हुए इसे पुरुषोत्तम मास कहा और इसके स्वामी बने। इसे सभी महीनों में श्रेष्ठ स्थान प्रदान किया गया। यह पवित्र मास 15 जून को समाप्त हो रहा है। इसका समापन सोमवती अमावस्या के दुर्लभ संयोग पर हो रहा है।