एक्साइज ड्यूटी में कटौती से म.प्र.के राजस्व में कमी का अनुमान
भोपाल [ महामीडिया] केंद्र सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में की गई कटौती ने राज्य सरकारों की चिंता भी बढ़ा दी है। इसी क्रम में मध्यप्रदेश सरकार को चालू वित्तीय वर्ष में करीब 2,800 करोड़ रुपए के राजस्व नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। पेट्रोल और डीजल से केंद्र सरकार को सालाना लगभग एक लाख करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होता है। वित्तीय व्यवस्था के अनुसार इस कर का एक हिस्सा राज्यों को भी दिया जाता है। केंद्र और राज्यों के बीच टैक्स वितरण की व्यवस्था के तहत कुल संग्रह का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा राज्यों को मिलता है। मध्यप्रदेश को केंद्रीय करों में करीब सात प्रतिशत हिस्सेदारी प्राप्त होती है। ऐसे में एक्साइज ड्यूटी में कटौती का सीधा असर राज्य के हिस्से पर पड़ा है और अनुमान है कि प्रदेश को करीब 2,800 करोड़ रुपये कम प्राप्त होंगे। हालांकि राज्य सरकार को उम्मीद है कि पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती खुदरा कीमतों से वैट के जरिए होने वाली आय में कुछ बढ़ोतरी हो सकती है।