पटाखे जलाने के लिए समय निर्धारित होगा
जयपुर [ महामीडिया] दिवाली के दौरान पटाखों के उपयोग को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने आज बुधवार को संतुलित दृष्टिकोण अपनाने का संकेत दिया है । सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि वह न तो पटाखों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाने के पक्ष में है और न ही पूरे दिन पटाखे चलाने की अनुमति देगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पूर्ण प्रतिबंध से दिवाली मनाने वाले लोगों की भावनाएं प्रभावित होंगी जबकि पूरे दिन पटाखे जलाने की अनुमति से बुजुर्गों और अन्य जीव-जंतुओं पर गंभीर असर पड़ सकता है। जस्टिस एमएम सुंदरेश और जस्टिस पीबी वराले की बेंच ने कहा कि वह ऐसा समाधान तलाशेगी जिसमें पटाखे जलाने के लिए निर्धारित समय तय किया जा सके। रिपोर्ट मिलने के बाद वह यह भी तय कर सकता है कि किस तरह के पटाखों के उपयोग की अनुमति दी जाए। इस मामले की अगली सुनवाई 15 अक्टूबर को होगी।