टाटा एडवांस्ड को 'प्रोजेक्ट जोरावर' का काम मिला

टाटा एडवांस्ड को 'प्रोजेक्ट जोरावर' का काम मिला

भोपाल [ महा मीडिया]

भारतीय सेना के सबसे बड़े रक्षा प्रोजेक्ट्स में से एक 'प्रोजेक्ट जोरावर' को गति मिल गई है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत ऊंचे पहाड़ी इलाकों  में तैनाती के लिए खास लाइट टैंक बनाए जाएंगे।औद्योगिक घराने टाटा समूह  ने इस भारी-भरकम परियोजना के लिए सबसे कम बोली लगाकर बाजी मार लगी है वहीं आनंद महिंद्रा की अगुवाई वाली महिंद्रा भी इस  परियोजना  की हिस्सा बनेगी और टैंक का प्रोटोटाइप तैयार करेगी। भारत के पास T-72 और T-90 टैंक वजन में बहुत भारी (45-46 टन) है जिन्हें 15,000 फीट से अधिक की ऊंचाई वाले दुर्गम रास्तों पर ले जाना और तेजी से मूव करना कठिन  हो जाता है। इस कमी को पूरा करने के लिए 'प्रोजेक्ट जोरावर' शुरू किया गया है। इस परियोजना के तहत सेना के लिए 25 टन से कम वजन वाले आधुनिक और हल्के टैंक बनाए जाने हैं। वजन कम होने के कारण इन टैंकों को चिनूक हेलीकॉप्टर या सी-17 ग्लोबमास्टर विमानों के जरिए आसानी से एयरलिफ्ट करके कम समय में सीमा पर किसी भी ऊंचाई वाले इलाके में तैनात किया जा सकेगा। टाटा समूह की कंपनी टाटा एडवांस्ड लिमिटेड प्रोजेक्ट जोरावर के लिए L1 बनकर उभरी है। टाटा जल्द ही सेना की जरूरतों के हिसाब से लाइट टैंक का निर्माण शुरू करेगी। 

सम्बंधित ख़बरें