बीमा सेक्टर में बड़े बदलाव की तैयारी
भोपाल [ महा मीडिया] देश के बीमा सेक्टर में बड़े बदलाव की तैयारी चल रही है। नियामक की नजर अब बीमा कंपनियों के कमीशन, बैंकों के जरिए पॉलिसी बेचने के तरीके और ग्राहकों को सही पॉलिसी देने जैसे मुद्दों पर है। वित्त वर्ष 2025 में लाइफ इंश्योरेंस कंपनियों ने करीब 60,800 करोड़ रुपये कमीशन दिया। अब इस बात पर चर्चा है कि एजेंट और डिस्ट्रीब्यूटर को मिलने वाले पैसे का तरीका बदला जाए। कमीशन का कुछ हिस्सा इस बात से जोड़ा जा सकता है कि ग्राहक कितने समय तक पॉलिसी चालू रखता है। इससे सिर्फ पॉलिसी बेचने के बजाय उसे लंबे समय तक जारी रखने पर भी जोर बढ़ेगा। बीमा सेक्टर की सबसे बड़ी परेशानी यह है कि प्रीमियम तो बढ़ रहा है लेकिन पॉलिसी की संख्या नहीं। वित्त वर्ष 2020 से 2025 के बीच नई पॉलिसी की संख्या हर साल औसतन 1.3 फीसदी घटी। वहीं नई पॉलिसी से मिलने वाला प्रीमियम करीब 8.9 प्रतिशत सालाना बढ़ा। इस दौरान कंपनियों का कमीशन खर्च भी करीब 14.5 प्रतिशत सालाना बढ़ा हैयानी कंपनियों की ग्रोथ ज्यादा ग्राहक जोड़ने की जगह महंगी पॉलिसी बेचने से आ रही है।